वीडियो से समझ विकसित करने का प्रयास
कलाकार का आत्मकथन यहाँ पर पंचायत सीरी़ज के सामान्य चरित्र को निभाने वाले कलाकार का एक यूट्यूब कथन को प्रस्तुत कर उसमें अभिनय करने वाले उस कलाकार के चरित्र में निहित मनोयोग के आम जन के लिए लाभकारी होने का विवरण प्रस्तुत किया जा रहा है। "पंचायत में काम करना था, कर दिया। ईमानदारी से काम करके अपना चले आए। कभी सोचा ही नहीं था कि पंचायत इस तरीके से और जब रिलीज हुई और ये सारी चीज हुई तो लगा कि नहीं यह नहीं सोचा था। भाई! बिनोद की चर्चा इतनी होने पर मुझे लगा कि वहां इतने सारे दिग्गज इतने सारे चरित्र इतने खूबसूरत प्यारे कैरेक्टर हैं उनमें मैं कहाँ? कभी स्वप्न में भी नहीं सोचा था कि ऐसा बिनोद चरित्र ही पसंद आ जाएगा दर्शकों को। इतने मैसेज इतने मेम्स तीसरी चौथे दिन से शुरू हुए और लोगों के भावुक कर देने वाले मैसेज भेजे मतलब मैं वो वक्त जो बीता कि मैं वो मैसेज पढ़ पढ़ के रोया हूं। लिटरली यार। सबसे अच्छी बात हुई कि सबने देखा पंचायत को क्योंकि वो इतनी खूबसूरत लिखी हुई सीरीज है कि हर आमो- ख़ास के दिल में पंचायत बस गया और उस पंचायत से साधारण सा चरित्र विनोद बस गया।" लिंक 🔗 ...